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जानलेवा हमला करने वाले पिता-पुत्र को सजा, जेल भेजा

ग्वालियर। अपर सत्र न्यायालय ने जानलेवा हमला करने वाले आरोपित दीपक किरार निवासी गुढ़ा को पांच साल व उसके पिता मुन्नालाल को आयुध अधिनियम के तहत छह माह के कारावास की सजा सुनाई। आरोपितों को जेल भेज दिया है। आरोपित की मां को दोषमुक्त कर दिया है।
अतिरिक्त शासकीय अधिवक्ता माता प्रसाद बरुआ ने बताया कि गजेंद्र सिंह ने 15 अक्टूबर 2016 को माधोगंज थाने को सूचना दी कि वह गुढ़ा स्थित अपने मकान में किराने की दुकान चलाता है। मां सुबह दरवाजे पर सफाई कर रही थी। इसको लेकर पड़ोस में रहने वाला दीपक किरार झगड़ा करने लगा। जब विरोध किया तो दीपक ने 12 बोर की बंदूक लेकर आ गया और गोली चला दी, जिससे पास खड़े अतर सिंह, सुनीत कुशवाह और नत्थाराम बघेल को छर्रे लगे और वे घायल हो गए। सभी को ट्रामा सेंटर में इलाज के लिए भर्ती कराया गया। शिकायत पर माधोगंज थाना पुलिस ने आरोपित दीपक व उसके पिता मुन्नालाल किरार, मां रामकली के खिलाफ केस दर्ज किया। पुलिस ने जांच के बाद चालान पेश कर दिया। आरोपित की ओर से बचाव में कहा गया कि उसका पहला अपराध है। पूर्व में भी पुलिस अभिरक्षा में रह चुका है। सजा देने में नरमी बरती जाए। पुलिस की ओर से अतिरक्त शासकीय अधिवक्ता बरुआ ने तर्क दिया कि आरोपित ने गंभीर अपराध को अंजाम दिया है, इसलिए कड़ी सजा दी जाए।