कई इलाकों के घरों में घुसा पानी, तखत में बैठकर करते रहे रतजगा, लोगों अमले पर लोगों फूटा गुस्सा

बिलासपुर: बिलासपुर में बुधवार शाम से लगातार हो रही बारिश के चलते लोगों की मुसीबतें बढ़ गई है। जलजमाव की समस्या ऐसी कि सैकड़ों घरों में बरसात का पानी घुस गया और लोग पूरी रात रतजगा करते रहे। गुरुवार की सुबह निगम की टीम जब JCB लेकर पहुंची, तो लोगों का गुस्सा फूट पड़ा और नाराजगी जताने लगे। रक्षाबंधन पर्व के दिन लोगों के किचन तक में भर गया। ऐसे में लोग दोपहर तक पानी निकासी का इंतजाम करने परेशान होते रहे। देखिए दैनिकभास्कर की ग्राउंड रिपोर्ट…बुधवार से लगातार हो रही बारिश से शहर तरबतर हो गया है। गुरुवार की पूरी रात झमाझम बारिश होती रही। दैनिकभास्कर की टीम बारिश से बिगड़े हालात का जायजा लिया, तब पता चला कि सरकंडा के निचली बस्तियों के साथ ही बंधवापारा, चौबे कॉलोनी, शिवम होम्स, जोरापारा सहित तोरवा क्षेत्र में लोगों को रात भर नींद नहीं आई। वजह यह थी कि नाली का पानी सड़क और फिर उनके घरों में घुसने लगा था। लोग जैसे-तैसे सुबह होने का इंतजार करते रहे। लोगों के घरों के साथ ही किचन में बारिश का पानी घुस गया था। इसके चलते दोपहर तक उनके घरों में चूल्हा यानि की गैस भी नहीं जला था।बरसात के चलते गलियां लबालब है और गाड़ियां डूब गई हैं।सालों से है समस्या, हर साल निगम खर्च करता है 10 करोड़ रुपएशहर के निचली बस्तियों के साथ ही रिहायशी इलाकों में नाली का पानी घरों में घुसने की समस्या सालों पुरानी है। महज घंटे की बारिश से अज्ञेय नगर, विनोबा नगर, विद्यानगर, मगरपारा, मंझवापारा, मित्र विहार कॉलोनी और तोरवा क्षेत्र के साथ ही शहर के कई रिहायशी कॉलोनियों में बारिश के बाद नाली का गंदे पानी से सड़कें लबालब हो जाती है। नगर निगम हर साल बारिश में जलभराव से निपटने और नाली बनाने के लिए 10 करोड़ रुपए खर्च करती है। इसके बाद भी जलभराव की समस्या जस की तस बनी हुई है।मोहल्लों में जलभराव के चलते लोगों का घर से बाहर निकलना मुश्किल है।श्रीकांत वर्मा मार्ग और मित्र विहार कॉलोनी हुआ जलमग्नरात में हुई तेज बारिश की वजह से पुराना बस स्टैंड से लेकर अग्रसेन चौक तक मुख्य मार्ग में पानी भर गया। इसी तरह श्रीकांत वर्मा मार्ग, मित्र विहार कॉलोनी, हंसा विहार, विद्यानगर विनोबा नगर व आसपास के इलाकों में नाली का पानी घरों में घुस गया। ऐसे ही अज्ञेय नगर, मंझवापारा, विनोबा नगर सहित तोरवा क्षेत्र में जल भराव की समस्या से लोग परेशान होते रहे।लोगों के घरों तक पानी घुस गया, जिसके चलते रात में नींद उड़ गई।भरी बरसात में निगम करा रहा नाली निर्माणनगर निगम की सक्रियता का अंदाजा इसी से लगाया जा सकता है कि भरी बरसात में तिफरा, मंगला, मंझवापारा सहित कई जगहों पर अभी तक नाली निर्माण का काम चल रहा है। जबकि, नगर निगम हर साल अप्रैल महीने से बारिश में जलभराव की समस्या से निपटने नाली निकासी की व्यवस्था करने का दावा करता रहा है।लोगों का भड़का गुस्सा, बोलीं नेताओं को मोहल्ले में घुसने नहीं देंगेतोरवा क्षेत्र में बारिश का पानी घरों तक पहुंचने के बाद परेशान लोगों का गुस्सा फूट पड़ा। निगम का अमला जब वहां पहुंचा, तब उन्होंने हंगामा मचाते हुए जमकर नाराजगी जाहिर की। वहीं महिलाओं ने कहा कि इस बार नेता लोग आएंगे, तब उन्हें सबक सिखाएंगे। जब तक पानी की समस्या का समाधान नहीं होगा, तब हमारे एरिया में कोई नहीं आएगा। बच्चे स्कूल नहीं जा पा रहे हैं, धंधा पानी चौपट हो गया है और बच्चों की तबीयत खराब हो रही है।मुख्य मार्गों में भी जलजमाव हो गया और सड़कें तालाब बन गई।व्यापार विहार में स्मार्ट सिटी रोड ने बढ़ाई समस्यानगर निगम ने व्यापार विहार में स्मार्ट सिटी रोड बनाया है, यह लोगों के लिए सुविधा के बजाए समस्या बन गई है। स्मार्ट सिटी सड़क बनाने के बाद नाली तो बना दिया गया है। लेकिन, सड़क की ऊंचाई बढ़ गई है, जिसके चलते नाली का पानी अज्ञेय नगर सहित आसपास के इलाकों में बह रहा है। इससे जलजमाव की नई समस्या खड़ी हो गई है।कई घरों में पानी घुस गया और लोग परेशान होते रहे।पेट्रोल पंप और स्कूलों में भरा बरसात का पानीतोरवा क्षेत्र के पेट्रोल पंप बरसात के बाद तालाब में तब्दील हो गया है। यहां सैकड़ों घरों में बारिश का पानी घुस गया। गुरुवार की सुबह से लेकर दोपहर तक मोहल्लेवासी पानी निकासी की समस्या से जूझते रहे। वहीं, दयालबंद, सरकंडा के बंधवापारा के साथ ही लिंगियाडीह के स्कूलों में बारिश का पानी भर गया है। हालांकि, रक्षाबंधन पर्व के चलते स्कूलों की छुट्‌टी है। नहीं तो बरसात के चलते स्कूलों में अवकाश घोषित करना पड़ता।